इमरान गद्दी छोड़ने के दबाव के बाद भी इस्तीफा देने को तैयार नहीं - atal khabar

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Saturday, March 26, 2022

इमरान गद्दी छोड़ने के दबाव के बाद भी इस्तीफा देने को तैयार नहीं

 

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान पर विपक्ष गद्दी छोड़ने का दबाव बना रहा है लेकिन क्रिकेट जगत से राजनीति में आए इमरान इस्तीफा देने को तैयार नहीं हैं। दूसरी तरफ, समझा जाता है कि सेना प्रमुख भी इमरान से नाराज हैं और ओआईसी की बैठक के बाद इस्तीफा देना की बात कह चुके हैं।
पाकिस्तान के गृह मंत्री शेख राशिद ने बृहस्पतिवार को कहा कि प्रधानमंत्री इमरान खान के खिलाफ लाये गए अविश्वास प्रस्ताव से उत्पन्न मौजूदा राजनीतिक अस्थिरता को खत्म करने के लिए देश में जल्द चुनाव कराए जा सकते हैं। अब मामला अविश्वास प्रस्ताव पर 
 ही टिका है।
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सरकार बचाने के लिए संघर्ष कर रहे इमरान खान इन दिनों काफी परेशान हैं ।इमरान के लिए चिंता की बात यह है कि उनकी पार्टी तहरीक-ए-इंसाफ के भी कई सदस्य उनके खिलाफ खड़े हैं और विपक्षी दलों के साथ हाथ मिला चुके हैं।  
राजधानी इस्लामाबाद में संवाददाताओं को संबोधित करते हुए गृहमंत्री ने पार्टी के बागियों को चेतावनी दी कि पाला बदलना उनके लिए ठीक नहीं होगा। 
बता दें कि आठ मार्च को विपक्षी पार्टियों द्वारा नेशनल असेंबली के सचिवालय में खान सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया गया था, जिसके बाद से देश में राजनीतिक अस्थिरता का माहौल है। विपक्षी पार्टियों ने आरोप लगाया है कि खान नीत पाकिस्तान तहरीक ए इंसाफ (पीटीआई) की सरकार देश में आर्थिक संकट और बढ़ती महंगाई के लिए जिम्मेदार है।  
इमरान खान गठबंधन सरकार चला रहे हैं और अगर कोई साझेदार समर्थन वापस लेने का फैसला करता है तो उन्हें हटाया जा सकता है। प्रधानमंत्री उस समय संकट में घिर गये, जब उनकी सहयोगी पार्टियों के 23 सदस्यों ने अविश्वास प्रस्ताव के दौरान उन्हें समर्थन देने का स्पष्ट संकेत देने से मना कर दिया। अविश्वास प्रस्ताव पर इसी महीने चर्चा होनी है।  
उनकी पार्टी के करीब दो दर्जन सदस्यों ने बगावती रुख अपना लिया लेकिन खान और उनके मंत्री यह व्यक्त करने की कोशिश कर रहे हैं कि सबकुछ ठीक है और उनके खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव गिर जाएगा। 
गृह मंत्री शेख राशिद ने सत्तारूढ़ दल के सदस्यों से कहा कि वे प्रधानमंत्री के खिलाफ जाने से पहले इस बात का ख्याल रखें कि ‘‘देश में मध्यावधि चुनाव भी कराए जा सकते हैं और पाला बदलना उनके लिए भी अच्छा नहीं होगा।’’
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उन्होंने कहा कि जो पार्टी बदल रहे हैं और सोचते हैं कि उन्हें सम्मान मिलेगा,तो वे गलत हैं।’’राशिद ने कहा कि ‘‘अच्छी खबरआएगी। 
नेशनल असेंबली की बैठक शुक्रवार को बुलाई गई है, लेकिन यह तय नहीं है कि स्पीकर अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा कराएंगे या सत्र को बिना किसी अधिकारिक कार्य के स्थगित कर देंगे। 

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